एक इंच भी जमीन नहीं लेने देंगे, सेनाओं को हर कदम उठाने की पूरी छूट: PM Modi

गलवन घाटी में भारत और चीन के सैनिकों के बीच हिंसक झड़प के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सर्वदलीय बैठक की. मीटिंग में सरकार को ज्यादातर दलों का साथ मिला है.

pm narendra modi all party meeting india china dispute
pm narendra modi all party meeting india china dispute

ऑल पार्टी मीटिंग में 20 दलों को बुलाया गया था. सभी पार्टियों ने अपने-अपने सुझाव रखे और सरकार से मौजूदा हालात पर चर्चा की. बैठक में पीएम नरेंद्र मोदी के अलावा गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, विदेश मंत्री एस जयशंकर, वित्‍त मंत्री निर्मला सीतारमण, भाजपा अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा व विभिन्‍न मंत्रालयों के अधिकारी मौजूद रहे.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हमने अपनी सेनाओं को कदम उठाने की पूरी छूट दे रखी है. हमारी एक इंच जमीन पर भी कोई नजर नहीं डाल सकता है. हमारी सीमा में किसी ने घुसपैठ नहीं की और ना ही चीन ने हमारी किसी पोस्ट पर कब्जा किया. हमारे 20 जवान शहीद हुए, लेकिन जिन्होंने भारत माता को चुनौती दी थी, उन्हें वे सबक सिखाकर गए हैं. उनके शौर्य को पूरा देश याद रखेगा.

हमारी सेना देश की रक्षा के लिए कसर नहीं छोड़ रही है. आज हमारे पास वो ताकत है कि कोई हमारी एक इंच जमीन पर भी नजर नहीं डाल सकता. भारतीय सशस्त्र सेनाओं के पास आज वो क्षमता है कि वो कई मोर्चों पर एक साथ लड़ सकती हैं. हमारे देश की रक्षा के लिए सशस्त्र सेनाओं को जल, थल, नभ से जवाब देना है, जो कुछ भी करना है, वो करेंगी. जवान तैनात करने हैं, एक्शन लेना है. सेनाओं को पूरी छूट दे रखी है.

बेहतर हो रहे इंफ्रास्ट्रक्चर से एक मदद ये भी मिली है कि हमारे जवान, जो उस कठिन परिस्थिति में वहां तैनात रहते हैं, उन्हें साजो-सामान पहुंचाने में, आसानी हुई है. बीते वर्षों में देश ने अपनी सीमाओं को सुरक्षित करने के लिए, बॉर्डर एरिया में इंफ्रास्ट्रक्चर डवलपमेंट को प्राथमिकता दी है. हमारी सेनाओं की दूसरी आवश्यकताओं, जैसे फाइटर प्लेन्स, आधुनिक हेलिकॉप्टर, मिसाइल डिफेंस सिस्टम आदि पर भी हमने बहुत बल दिया है.

इसलिए जिन क्षेत्रों पर पहले नजर नहीं रहती थी, अब वहां भी हमारे जवान अच्छी तरह से मॉनिटर कर पा रहे हैं. अब तक जिनको कोई पूछता नहीं था, कोई रोकता-टोकता नहीं था, अब हमारे जवान डगर-डगर पर उन्हें रोकते हैं, तो तनाव बढ़ता है. चीन ने एलएसी पर जो किया है, उससे पूरा देश आहत है, आक्रोशित है. चाहे ट्रेड हो, कनेक्टिविटी हो, काउंटर टेरेरिज्म हो, भारत ने कभी किसी बाहरी दबाव को स्वीकार नहीं किया है.

राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए जो भी ज़रूरी कार्य हैं, जो भी जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर का निर्माण है, उसे इसी तरह तेज गति से आगे भी किया जाता रहेगा. बैठक में पीएम मोदी ने कहा कि मैं आप सभी को विश्वास दिलाता हूं कि हमारी सुरक्षा बल हमारी सीमाओं की रक्षा करने में पूरी तरह सक्षम हैं.

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *