देश भर में मनाया गया अंतरराष्ट्रीय योग दिवस, PM मोदी ने की अपील-

आज छठवां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जा रहा है. और कोरोना के चलते इस साल की योग दिवस की थीम ‘योगा फॉर हेल्थ, योगा फ्रॉम होम’ रखी गई है. सभी लोगों ने घरों में रहकर योग किया.

International Yoga Day 2020 pm modi says pranayama makes respiratory system strong
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इस मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस एक प्रकार से एकजुटता का दिन है. ये विश्व बंधुत्व के संदेश का दिन है. योग एकता की एक शक्ति के रूप में उभरा है और ये नस्ल, रंग, लिंग, धर्म और राष्ट्रों के आधार पर भेदभाव नहीं करता है. कोरोना वायरस वैश्विक महामारी के कारण दुनिया को योग की आवश्यकता पहले के मुकाबले कहीं अधिक महसूस हो रही है.

कोविड-19 हमारे श्वसन तंत्र पर हमला करता है जो ‘प्राणायाम’ या सांस लेने संबंधी अभ्यास से मजबूत होता है. रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए योग में कई तकनीक, विभिन्न ‘आसन’ हैं. अगर हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत है तो इससे इस बीमारी को हराने में काफी मदद मिलेगी. प्राणायाम एक मजबूत रेस्पिरेटरी सिस्टम के निर्माण में मदद करता है.

योग करने से हमारी इम्युनिटी बढ़ती है और मेटाबोलिज्म में सुधार होता है. पीएम ने कहा कि जब हम योग के माध्यम से समस्याओं के समाधान और दुनिया के कल्याण की बात कर रहे हैं, तो मैं योगेश्वर कृष्ण के कर्मयोग का भी आपको पुनः स्मरण करना चाहता हूं. गीता में भगवान कृष्ण ने योग की व्याख्या करते हुए कहा है- ‘योगः कर्मसु कौशलम्’अर्थात, कर्म की कुशलता ही योग है.

प्रधानमंत्री मोदी ने लोगों से अपील करते हुए कहा कि प्राणायाम को अपने प्रतिदिन के अभ्यास में जरूर शामिल करिए, और अनुलोम-विलोम के साथ साथ दूसरे प्राणायाम को भी सीखिए. बच्चे, बड़े, युवा, परिवार के बुजुर्ग, सभी जब एक साथ योग के माध्यम से जुडते हैं, तो पूरे घर में एक ऊर्जा का संचार होता है.

आईटीबीपी के हिमवीरों ने सिक्किम में हिमालय की 18 हजार फीट की ऊंचाई पर योग किया. भारत-चीन सीमा पर तैनात भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के जवानों ने उत्तराखंड में बद्रीनाथ के पास 14 हजार फीट की ऊंचाई पर स्थित वसुधरा ग्लेशियर पर योग किया.

अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के लिए 21 जून की तारीख का चयन भी इसलिए किया गया था क्योंकि ये दिन उत्तरी गोलार्द्ध (ग्रीष्मकालीन संक्रांति) का सबसे लंबा दिन होता है जिसका दुनिया के कई हिस्सों में विशेष महत्त्व है, साथ ही आध्यात्मिक कार्यों के लिए भी ये दिन विशेष महत्त्व रखता है.

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