crossorigin="anonymous"> शादियों पर फिर गहराया कोरोना का 'संकट', नाइट कर्फ्यू से लोग परेशान

शादियों पर फिर गहराया कोरोना का ‘संकट’, नाइट कर्फ्यू से लोग परेशान

22 अप्रैल से जून तक शादियों के शुभ मुहूर्त हैं. इसके साथ ही राजधानी लखनऊ में एक बार फिर से कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर तेजी से फैल रही है. इससे जिनके घर में शादी है वो लोग काफी परेशान है.

effect of corona on weddings Concern Of Family Members

शादी की तारीख बदलने पर विचार

शादी के बंधन में बंधने वाले जोड़े विवाह की तैयारियों को लेकर काफी उत्साहित थे, लेकिन कोविड-19 के बढ़ते मामलों को देखते हुए रात्रिकालीन कर्फ्यू लग गया है इससे सभी को पेरशानी में डाल दिया है और अब वे एक बार फिर शादी की तारीख, समारोह स्थल और उसके समय पर विचार करने लगे हैं. वैसे राजधानी में नाइट कर्फ्यू तो 16 अप्रैल की सुबह तक है लेकिन बढ़ते कोरोना को देखते हुए ये आगे भी जारी रह सकता है.

शादी-विवाह पर किसी प्रकार की रोक नहीं

हालांकि जिला प्रशासन ने शादी-विवाह जैसे आयोजनों पर किसी प्रकार की रोक नहीं लगाई हैं. लेकिन फिर भी लोगों में डर काफी है. होटल व कैटर्स कारोबारियों का कहना है कि कोरोना के कारण शादियां निरस्त भले न हो, लेकिन मेहमानों की संख्या जरूर घटेगी.

होटल और रेस्टोरेंट एसोसिएशन के संयुक्त सचिव ने बताया

यूपी होटल और रेस्टोरेंट एसोसिएशन के संयुक्त सचिव और होटल कारोबारी श्याम कृष्णानी ने बताया कि 24 अप्रैल से 31 जुलाई तक शहर के सभी होटल, बैंक्वेट हॉल में औसतन एक हजार शादियां होंगी. कोरोना की दूसरी लहर शुरू हो गई हैं, लेकिन अभी तक किसी ने होटल की बुकिंग कैसिंल नहीं कराई हैं. लेकिन कार्यक्रम में लोगों की सीमित संख्या और नाइट कर्फ्यू से चिंता बढ़ गई है.

2020 में हो चुका है नुक्सान

पिछले साल भी लॉकडाउन की वजह से कई लोगों की शादी टल गई थी. लोगों को लगा था कि माहौल ठीक होगा तो कार्यक्रम आयोजित करेंगे लेकिन इस साल भी वही स्थिति बन गई है. ऐसे में लोगों का कहना है कि वो कब तक शादियां टाल सकते हैं.