देश के मुद्दे भूल ‘सांड’ पर छिड़ी ‘सियासी जंग’, ये रहा तीन दिन का हाल, देखें-

लोकसभा चुनाव में इस समय देश और प्रदेश के मुद्दे छोड़ सब सांड के पीछे लग गए हैं. हुआ ये था की 26 तारीख को सपा-बसपा गठबंधन की सभा लगी थी. मगर उसी बीच एक सांड वहां घुस आया और खूब उत्पात मचाया. उसी पर अभी भी सियासत चल रही है.

bull came in sp bsp kannauj rally akhilesh attacks on bjp
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सांड जैसे ही सभा के मैदान में घुसा तो वहां भगदड़ मच गई और सांड भी बेकाबू हो कर लोगों पर टूट पड़ा. उसे काबू में करने के लिए कार्यकर्ता और पुलिस के जवान लग गए. सांड काबू तो हुआ मगर इसमें कई लोगों को चोट आ गई. वहीं उग्र सांड ने एक व्यक्ति को ज्यादा घायल कर दिया. इतना ही नहीं सांड की जवाह से अखिलेश का हेलीकॉप्टर भी मैदान में नहीं उतर सका और वे आसमान में ही लटके रहे.

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सांड के शांत होने के करीब आधे घंटे बाद अखिलेश का हेलीकॉप्टर मैदान में उतरा. तो अखिलेश ने उस समय तो सांड का जिक्र नहीं किया मगर सांड से घायल होने वाले शख्स को 23 तारीख के बाद सम्मानित करने का ऐलान जरूर कर दिया. सभा ख़त्म कर अखिलेश यादव ने इस पूरे वाकये को लेकर ट्वीट किया और योगी सरकार को निशाना बनाया. और सांड की पूरी स्टोरी बना कर सुनाई.

उन्होंने लिखा कि, 21 महीनों में हमने एक्सप्रेसवे बनाया था, लेकिन पिछले 2 सालों में जनता 5 करोड़ आवारा पशुओं से परेशान हो गई है. अगर सरकार राजनीतिक कार्यक्रमों में सांड को घुसने से नहीं रोक पा रही है, तो ग़रीब किसानों का क्या हाल हो रहा होगा यह बस वही जानते होंगे. आजकल आप देख रहे हैं कि नहीं कि किस तरह अनाथ साँड़ों का गुस्सा बढ़ता जा रहा है ? हमारी रैली में भी एक साँड़ अपना ज्ञापन देने घुस आया और भाजपा सरकार का गुस्सा बेचारे सिपाही पर निकाल डाला, जब सांड को बताया कि ये उनको बेघर करने वालों की रैली नहीं है, तब जाकर वो शांत हुआ.

वहीं बसपा सुप्रीमो मायावती ने भी सांड को लेकर भाजपा पर हमला बोला है. मायावती ने कहा कि बीजेपी के आवारा जानवरों को हमारी चुनावी जनसभाओं में छोड़ा जा रहा है. हमारी सभा में हमसे पहले ही भाजपा के आवारा जानवर पहुंच गए. भाजपा ने शरारत के तहत हमारी जनसभा में आवारा जानवरों को भेजा था. वहीं पीएम मोदी पर हमला बोलते हुए कहा कि गंगा मैया मोदी से रूठी हैं. इस बार पूजा पाठ काम न आएगा. कांग्रेस और भाजपा दोनो को सत्ता से बाहर करके जनता बसपा को फिर से सत्ता में लाएगी.

अब इस पर योगी जी कैसे शांत रह जाएँ भला. उन्होंने भी मोर्चा सँभालते हुए कहा कि कन्नौज की गठबंधन की रैली में घुस आए नंदी बाबा को जब ये पता चला की रैली कसाईयों का समर्थन करने वालों की हो रही है तो उन्होंने रौद्र रूप दिखाया, और नंदी बाबा को हटाने के सारे जतन किए गए, लेकिन कोई सफल नहीं हुआ. फिर जब उनसे यह प्रार्थना की गई थी भाई इस सपा का भी काम चलने दो तो वे शांत होकर वहां से चले गए थे.

इतने में बात ख़त्म नहीं हुई. 27 को भी डिम्पल और अखिलेश ने रोड शो किया और वहां फिर एक सांड घुस आया. डिंपल-अखिलेश के रोड शो में सांड घुस जाने से अफरा-तफरी का माहौल हो गया. सांड के हमले से कई सपाई चोटिल हो गए. भगदड़ में गिरे एक सपाई को रौंदता हुआ सांड निकल गया. उसके बाद अखिलेश यादव ने रोड शो में घुसे सांड का वीडियो ट्विटर पर अपलोड किया गया और उस पर लिखा है, ये सांड पशुओं और किसानों की ओर से ज्ञापन लिए घूम रहा। बेचारा फिर गलत जगह आ गया. जाना था तिर्वा पहुंच गया छिबरामऊ.